मोडी दस्तऐवज लिप्यंतरासाठी कसे पाठवावेत?

१. सर्वप्रथम आपल्या दस्तऐवजाची PDF तयार करायची आहे. त्यासाठी आपल्या *स्मार्टफोनवर कोणतेही Document scanner app डाऊनलोड करुन त्याद्वारे दस्तऐवजामधील प्रत्येक पानाचा फोटो काढून सर्व फोटोंची मिळून एक PDF तयार करुन घ्यावी.

२. ही PDF kanchankarai@gmail.com येथे इमेल करावी. इमेल करताना attachment म्हणून PDF जोडावी लागते.

३. इमेलमध्ये आपला तपशील लिहावा. जसे: आपले नाव, फोन नंबर, पत्ता इ.

फोनवर संपर्क साधायचा असेल तर 9920028859 ह्या क्रमांकावर सकाळी ११ ते सायं. ६ ह्या वेळेमध्ये सोमवार ते शुक्रवार ह्या दिवसांत फोन करुन सविस्तर माहिती द्यावी.

आमची नोंद गुगलवर: 4.9 Star Rating मोडी लिपी

प्राचीन और आधुनिक अक्षरों के बीच का भेद

Read in Marathi

मोडी लिपी सिखते हुए लेखनका अभ्यास करते समय अक्षरोंका आकर अनुरूप हो, अक्षर सुंदर ना सही किंतू सुवाच्य हो जैसी बातों पर हम द्यान देते है । बोरू या कट्‌ निब पेन से लेखन करते है । लेकिन ऐतिहासिक दस्तावेजोंका अक्षर ध्यान से देखें तो हमारा मोडी लेखन का सराव और उस दस्तावेजों के मोडी अक्षर में बहुत अंतर दिखाई देता है ।

नीचे दी गई तस्वीर मे दिया लेखन देखिए:

दस्तावेजमें अगर गांव का नाम, हिंदू या इसा सदी कि तारीख जैसे संदर्भभी उपलब्ध हो, तो शीघ्र लेखनका भी तत्काल आकलन हो सकता है । किंतु ऐसी एक छोटीसी पंक्ति अगर अक्षर-पहचान के लिए सामने आती है तो हम अभ्यास कर रहे मोडी अक्षरोंकी लिखावट की तुलना में उपरकी पंक्ति के अक्षरोंकी शैली भिन्न होने के कारण अक्षर पहचानने में कठीनाई हो सकती है । जिस वजह से उपर दिए शब्दों का भिन्न लिप्यंतर तथा अनुवाद हो सकता है । कभी कभार अंक भी अक्षर के समान दिखाई दिए जा सकते हैं । लेखन पढते समय एक और बात ध्यान में आती है कि लेखनिकका मूल अक्षर सुंदर है । लेकिन मोडी लेखन करते समय लपेटीदार लेखनशैली की वजह से हाथ को गती मिलती है और उस गती के साथ समतोल रखते हुए अक्षरोंकी लिखावट में परिवर्तन आया है ।